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सूखी खांसी की दवा पतंजलि | Dry Cough Medicine Patanjali in Hindi | Sukhi khansi ka gharelu ilaj

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सूखी खांसी की दवा पतंजलि | Dry Cough Medicine Patanjali in Hindi – बदलते मौसम में खांसी होना बहुत ही सामान्य बात है यह खांसी छोटे बच्चो से लेकर बूढ़े बुजुर्गों में भी देखने को मिलती है खांसी जब लगातार आना शुरू हो जाती है तो गले में दर्द , सुजन तथा खराश भी होती है जिससे लोगो को बोलने तथा भोजन करने में भी बड़ी परेशानी होती है खांसी अक्सर बदलते मौसम में बेक्टीरिया , वायरस एवं इन्फेक्शन की वजह से होती है और जब खांसी से पीड़ित हो जाने पर लोग बाजार में मेडिशन की दूकान से बहुत ज्यादा मात्रा में दवाइयां तथा टेबलेट्स लाते है |

सूखी खांसी की दवा पतंजलि
Dry Cough Medicine Patanjali in Hindi

khansi ka gharelu ilaj kya hai | Home Remedies For Cough in Hindi | khansi ko kaise thik kare | sukhi khansi ko kaise thik kare | Causes of Dry Cough | how to get home remedies for dry cough in hindi | सूखी खांसी की दवा पतंजलि | Dry Cough Medicine Patanjali in Hindi |

Table of Contents

सूखी खांसी की दवा पतंजलि

लेकिन दोस्तों आपकी जानकारी के लिय बता दे की इन काली सुखी खांसी का इलाज आप घरेलू सामग्रियों के माध्यम से भी बड़ी आसानी से ठीक किया जा सकता है और यह घरेलू उपचार इतने फायदेमंद होते है की आपको इनसे किसी भी प्रकार का साइड effect नही होता है और खांसी भी बहुत आसानी से दूर की जा सकती है इन घरेलू उपचारों को लेकर ही इस आर्टिकल को बनाया है ताकि आप लोगो को खांसी के इलाज के लिय कंही जाने की जरूरत नही होगी और ना ही आपको ज्यादा पैसा खर्च करना पड़ेगा आपको जो हम इलाज बताएँगे वे आपके घर की किचन में ही बड़ी आसानी से उपलब्ध हो जाएगी आइय जानते है |

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खांसी का घरेलू इलाज | Home Remedies For Cough in Hindi

फ्रेंड्स खांसी के घरेलू इलाज बताने से पहले आपको खांसी होने के कारण तथा हमारे स्वास्थ्य पर इसका क्या असर पड़ता है तथा क्यों होती है इनके बारे में जानकारी करते है आयुर्वेद कहता है की हमारी बोडी का निर्माण वात , पित और कफ इन तिन तत्वों में मिलकर बनी होती है इनमे से कफ तत्व में दोष उत्पन्न हो जाने के कारण फेफड़ो में बेक्टीरिया तथा फंगस हो जाते है |

जिसके कारण खांसी आना शुरू हो जाता है वैसे खांसी हमारे खाने पिने की जीवनशैली में बदलाव होने के कारण भी खांसी शुरू हो जाती है जैसे सर्दियों के मौसम में ज्यादा ठंडा पानी पिने तथा अत्यधिक ठंड लगने से भी खांसी झुकाम हो जाती है |

सुखी खांसी को कैसे ठीक करे | sukhi khansi ko kaise thik kare

इनको ठीक करने में आपको कुछ परेशानियाँ झेलनी पड़ती है लेकिन फ्रेंड्स खांसी हर बार आपको अत्यधिक तकलीफ नही देती है कई बार 1 या 2 दिनों में अपने आप चली जाती है मगर कई बार कितना भी इलाज करे लेकिन जाने का नाम नही लेती है लेकिन फ्रेंड्स आज जो हम आपके लिय घरेलू इलाज लेकर आए है उनका इस्तेमाल करने के बाद आपकी खांसी बिलकुल जड़ से खत्म हो जाएगी और आपको पुरे साल ही दोबारा नही होगी बस आपसे शर्ते है की आप इन घरेलू उपचारों को अगले 8 से 10 दिनों तक लगातार इस्तेमाल करना है और साथ में कुछ सावधानियां है उनका ख्याल करना है |

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खांसी के कितने प्रकार होते है | Cough Symptoms in Hindi

सामान्य तौर पर खांसी दो प्रकार की होती है

1 . सुखी खांसी – जिसमे व्यक्ति को खांसी पुरे दिन आती है और इस खांसी से गले में घाव पड़ जाते है , गला सुजन आ जाता है बोलने तथा खाने पिने में भी परेशान करती है और फेफड़ो में घाव पड़ जाता है जिसके कारण सिने में जलन तथा पीड़ा होती है

2 . बलगम खांसी – इस प्रकार की खांसी में छाती में बलगम या कफ होता है जिसके कारण श्वास लेने में बड़ी दिकत होती है और कफ चिकना होता है जोकि बाहर भी नही निकलता है और इस बलगम की वजह से खांसी भी रुकने का नाम नही लेती है जिसके कारण हमारे फेफड़े तथा गला सबसे ज्यादा प्रभावित होते है

खांसी होने के मुख्य कारण क्या है | खांसी का देशी इलाज क्या है

  • सर्दियों के मौसम में ज्यादा ठंडा चिकना खाने से आपको खांसी हो सकती है
  • वातावरण में वायरस तथा बेक्टीरिया होने की वजह भी खांसी का कारण बन सकती है
  • अत्यधिक मात्रा में बीडी , सिगरेट , गुटखा , पान आदि का सेवन करने से भी खांसी हो सकती है
  • चारो और के वातावरण में pollution बढ़ जाने के कारण
  • धुल मिटटी की डस्ट श्वास के जरीय फेफड़ो में जाने से खांसी हो सकती है
  • फ्रिज का पानी तथा आइसक्रीम खाने से खांसी होने का कारण हो सकता है

खांसी होने के मुख्य लक्षण क्या है sukhi khansi ka gharelu ilaj kya hai

  • खांसी होने पर साँस लेने में बड़ी दिकत होती है
  • तेज चलने पर खांसी शुरू होना
  • छाती या सिने में घरघराहट की आवाज लगातार सुनाई देना
  • सिने में जलन तथा घाव होने का अहसास होना
  • भूख कम लग्न
  • आँखों में पानी गिरना
  • गला एक दम सुख जाना
  • बोलने में बड़ी मुश्किल होना
  • हाथो तथा पावो में एनर्जी बिलकुल कम हो जाना

खांसी के घरेलु इलाज | काली खांसी या सुखी खांसी के घरेलू उपचार

खांसी को ठीक करने के बहुत से घरेलू उपचार है जोकि आपकी सेहत को बनाए रखने में बहुत ही फायदेमंद होते है लेकिन आपके घर में कौनसी सामग्री उपलब्ध है इस बात का हमें पता नही है इसलिय हम आपको खांसी के 10 घरेलु उपायों के बारे में विस्तार के जानकारी प्रदान कर रहे है इसलिय आपको जो उपचार बढ़िया लगे या उसकी सामग्री उपलब्ध मिले उसको आप उपयोग में ले सकते हो और अपनी किसी भी पुरानी से पुरानी खांसी को टाटा बाय बाय कर सकते है तो चलिय फ्रेंड्स शुरू करते है नंबर 1 उपचार पर

सुखी खांसी का घरेलू उपचार | Sukhi Khansi Ka Gharelu Upchar

sukhi khansi ke gharelu upay इस प्रकार की खांसी में छाती में बलगम या कफ जम जाता है जिसे निकलना इतना आसान नही होता है इसमें पीड़ित को लगातार सुखी खांसी आती है और साँस लेने में बड़ी कठिनाई होती है ऐसे में आयुर्वेद सुखी खांसी होने का कारण बताता है की हमारी बोडी का निर्माण वात , पित और कफ इन तीन तत्वों से मिलकर बनी होती है इसमें से अगर कफ तत्व में दोष उत्पन्न हो जाए तो आपको सुखी खांसी होना शुरू हो जाती है अभी बरसात का मोसम है इसमें वातावरण में आर्द्रता की मात्रा काफी होती है |

sukhi khansi ka ilaj

जिसके कारण रात को ठंड पड़ती है और यह ठंड हमारे शरीर की तापमान में गिरावट करती है या फिर ज्यादा ठंडा चिकना खाद्य पदार्थो के सेवन करने के बाद आप ठंडा पानी पिने से कफ जम जाता है जिसके कारण फिर आपको सुखी खांसी आनी शुरू हो जाती है इसके लिय हमने कुछ घरेलू उपचार तैयार किय है जिनका इस्तेमाल करके आप बसी आसानी से सुखी खांसी को जड़ से खत्म कर सकते है बस आप इन घरेलू सामग्रियों को इस्तेमाल कीजिय और साथ में जो भी परहेज है जैसे ठंडे चिकने खाद्य पदार्थो का सेवन कम करे और पिने में गर्म पानी का सेवन करे इससे आपको काफी जल्द ही सुखी खांसी ठीक हो जाएगी

1 . खांसी को ठीक करने में लौंग और कालीमिर्च काफी फायदेमंद है

सूखी खांसी की दवा पतंजलि | Dry Cough Medicine Patanjali in Hindi :- आयुर्वेद में लौंग और कालीमिर्च गर्म प्रक्रति के होते है इनकी तासीर खांसी एवं झुकाम को दूर करने में काफी लाभदायक होती है इसमें एंटी एम्फ्लेमेट्री तथा एंटी बेक्टिरियल के गुण होते है जोकि आपके फेफड़ो में जमे बलगम को बाहर निकालने में सहायत करता है आप एक गिलास पानी के अंदर लौंग की 8 से 10 कल्लियाँ डाले और साथ में 4 से 5 कालीमिर्च डालकर इनको इतना उबले की पानी एक गिलास की बजाय एक कप ही बचे तब आप उसको छानकर इसमें एक चमच शहद को मिलकर इस विधि को अगले 3 से 4 दिनों तक लगातार करे तो आपकी dry caugh हो या बलगम दोनों को बड़ी आसानी से दूर करने में मदद करता है

2 . सुखी खांसी का घरेलू इलाज में शहद का योगदान | khansi ka ramban ilaj kya hai

सुखी खांसी ( DRY CAUGH ) को दूर करने में शहद भी काफी फायदेमंद ओषधि है आयुर्वेद में सभी प्रकार की खांसी को दूर करने में शहद को किफायती माना है शहद में एंटी बेक्टिरियल के गुण होते है जोकि गल्ले के इन्फेक्शन को मारने में काफी मदद करता है और साथ में फेफड़ो को स्वस्थ बनाने में मदद करता है आप एक गुलस गुनगुने पानी के साथ 2 चमच शहद को मिलकर गुनगुने पानी को सुबह और श्याम को खाना खाने के बाद लेने से जो आपकी पुरानी सखी खांसी है वो अगले 5 से 7 दिनों के भीतर आना बंद हो जाएगी और फेफड़ो से श्वांस लेने की प्रोबलम भी साथ में दूर हो जाएगी |

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3 . पीपल की गांठ खांसी को दूर करने में फायदेमंद है | sukhi khansi ka ramban upay kya hai

आप पीपल की गंद को पीसकर पावडर बना ले और इस पावडर को शहद के साथ सुबह और श्याम दोनों टाइम लेने से जो आपकी सुखी खांसी है उनसे छुटकारा मिल जाएगा क्योकि सुखी खांसी फेफड़ो के अंदर वायरस एवं जीवाणु की वजह से आती है और वायरस को मारने में पीपल की गंद काफी असरदार होती है यह आपकी सेहत के लिय एंटी ओक्सिडेंट का काम करती है तथा साथ में पीपल की गंद का पावडर आपके घावों को भरने में सहायता करता है

4 . खांसी को ठीक करने में अदरख और तुलसी कड़ी लाभदायक है | khansi ko jad se kaise khatm kare

अदरख भी गर्म प्रकृति की होती है इसे आयुर्वेदिक जड़ी बूटी माना गया है आयुर्वेद में अदरख के रस को काली खांसी एवं सुखी खांसी के लिय बहुत असरदार उपाय समझा जाता है तुलसी की पत्तियां भी खांसी झुकाम को दूर करने में एंटी बेक्टिरियल तथा एंटी ओक्सिडेंट का कार्य करती है यह बोडी के अंदर जमे बलगम को बाहर निकालने में बहुत सहायक होती है आप एक गिलास पानी को उबाले उसमे एक टुकड़ा अदरख और 5 से 6 पत्तियां तुलसी की डालकर इस पानी को अच्छी तरह उबले उबालने के बाद पानी जब एक कप बचे तब आप इसमें एक चमच शहद को मिलकर इस काढ़े को पिने से फ्रेंड्स आपकी खांसी सिर्फ दो दिनों के भीतर चली जाएगी और आपको कफ से भी छुटकारा मिल जाएगा यदि आपको फिर से खांसी हो तो आप इस घरेलू उपचार को दोबारा अपना सकते है

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5 . दालचीनी और तुलसी की पति खांसी के इलाज में बहुत किफायती है

आयुर्वेद में दालचीनी पावडर को बहुत ही बेस कीमती जड़ी बूटी माना गया है कहते है की अगर आपको कितनी भी पुराने टाइम से खांसी आती हो आप एक गिलास पानी के अंदर दालचीनी के पावडर या छाल को डालकर उसे इतना उबले की कानी जो एक गिलास था उसका केवल एक कप ही बचे और उसमे तुलसी की पत्तियां भी डाले तुलसी की पत्तियां एंटी ओक्सिडेंट तथा एंटी बेक्टिरियल होती है जोकि छाती में जमे हुए बलगम को बाहर निकालने में मदद करता है तथा साथ में जो खासने से गले में छाले पड़े हुए है उनको रिपेयर करने मेभी काफी कारगर है |

6 . निम्बू की चाय खांसी झुकाम में बहुत लाभदायक है | rat ko khansi kyo aati hai

निम्बू में सिट्रिक अम्ल की प्रचुरता होती है जोकि छाती में जो कफ या बलगम जमा हुआ है उसको तोड़ने तथा पिघलाने में सहायत करता है और साथ में आपकी बोडी को एनर्जी प्रदान करने में सहायता करता है निम्बू विटामिन c का सबसे अच्छा स्रोत है आप एक गिलास पानी के अंदर एक चमच चाय पीटीआई को डालकर उबाले और उसे ठंडा करके छानकर इसमें एक निम्बू को डालकर पिने से भी खांसी से छुटकारा मिल सकता है ओरापकी साँस लेने की प्रोबलम भी दूर हो जाएगी |

7 . हल्दी का उपयोग खांसी को ठीक करने में फायदेमंद है | bar bar khansi aane ka gharelu ilaj kya hai

हल्दी में भी आयुर्वेदिक ओषधिय गुण पाए जाते है यह आपके कफ दोष की पूर्ति करने में अहम योगदान रखती है आप एक गिलास दूध को हल्दी पावडर डालकर गर्म करे और इसके साथ एक टुकड़ा अदरख इन सभी को हलकी आंच पर गर्म करे और उसे छानकर पिने से भी खांसी ठीक हो जाएगी यह काढ़ा आपकी छाती में जो जमा हुआ बलगम या कफ होता है उसको मलद्वार तक भेजने में सहायता करता है जिससे अगलर ३से 4 दिनों के भीतर आपकी खांसी जड़ से खत्म हो जाएगी

8 . लहसुन और आंवला सुखी खांसी को ठीक करता है

लहसुन भी एंटी बेक्टिरियल होता है यह आपकी सुखी खांसी को दूर करने में काफी फायदेमंद होता है इसे आप रात को सोने से पहले लहसुन की कल्लियों को चबाकर खाने से गले की खराश एवं सूखे चिकने कफ को बाहर निकालने में मदद करता है तथा बोडी में जो बेक्टीरिया होते है उनको मरने में सहायता करता है और आंवला विटामिन c का सबसे बेस कीमती स्रोत होता है जो आपके भोजन से जो भी कफ बनता है उनको तोड़ने में सहायता करता है और बोडी को एनर्जी प्रदान करने में सहायता करता है |

9 . अश्वगंधा और शतावरी खांसी को ठीक करने में उपयोगी होती है

आयुर्वेद कहता है की अश्वगंधा गर्म प्रक्रति का विसाख पौधा होता है और शतावरी भी गर्म प्रक्रति की जड़ी बूटी होती है यह आपकी बोडी में जो भी वायरस तथा बेक्टीरिया होते हगे उनको मारने में मदद करता है और साथ में आपकी बोडी में जो भी अतिरिक्त फेट होता है उसको reduce करने में भी सहायक होता है अश्वगंध हमारी सेहत के लिय एंटी ओक्सिडेंट का कार्य करता है |

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10 . इलायची और मिश्री खांसी को दूर करने में फायदेमंद है

फ्रेंड्स अगर आपको सुखी या बलगम वाली खांसी है और आपके गले में खराश है तो आप इलायची और मिश्री का काढ़ा ले सकते है आप एक गिलास पानी के अंदर 8 से 10 इलायची और मीठे के अनुसार मिश्री को डालकर इसे अच्छी तरह उबले और उबलने के बाद इसे छानकर इसमें एक चमच शहद को मिलकर पिने से खांसी तथा गले की खराश बिलकुल आसानी से दूर हो जाएगी और गले की सुजन भी दूर करने में राहत मिलेगी |

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खांसी से बचने के परहेज क्या है

  • खांसी आए तो फ्रेंड्स आप ठंडा चिकना पेय पदार्थो का सेवन बिलकुल नही करे
  • हमेशा गर्म पानी से स्नान करे
  • वायरस से बचने के लिय अपने हाथों तथा मुंह को बार बार धोना है
  • बासी भोजन बिलकुल नही करे
  • खाना जंक फ़ूड वाला नही खाना चिय
  • ज्यादा तेल से बनी हुई सब्जी या कचोरी समोसे से दूर रहना है
  • खाना बिलकुल ताजा ही खाए
  • बार बार गुनगुना पानी पिए जिससे शरीर में पानी की पूर्ति हो सके और बोडी को निर्जलीकरण से बचाया जा सके
  • खाने में विटामिन c तथा फाइबर युक्त पदार्थो का सेवन करे ताकि आपके पाचन तन्त्र में तथा डायजेशन सिस्टम को control किया जाए
  • खांसी अक्सर हमारे कफ दोष के कारण ही होता है और कफ दोष में तेलिय पदार्थों से बनी सामग्री आपको नुकसान पहुंचाती है

एलर्जी खांसी के लक्षण और उपचार क्या है

अगर किसी फ्रेंड्स को एलर्जी खांसी है तो उसको खाने में जिन पदार्थो की एलर्जी होती है उसका सेवन बिलकुल नही करे या फिर किसी कार्य को करने से खांसी आती है तो उस कार्य को नही करना चाहिय क्योकि फ्रेंड्स वैसे तो इस एलर्जी का कोई इलाज नही होता है मगर इसका परहेज सबसे बड़ा होता है इसके उपचार में आप कालीमिर्च , लौंग , तुलसी की पत्तियां और शहद काफी फायदेमंद होते है

निरंतर खांसी आने का कारण क्या होता है

अगर आपको लगातार खांसी आती है तो फेफड़ो में इन्फेक्शन बढ़ जाता है जिसके कारण ऑक्सीजन का स्तर संदर फ्र्फ्दो में घाट जाता है जिसके कारण साँस लेना बड़ा मुश्किल हो जाता है ऐसे में आप सौंठ को मुंह में रखने से उस खांसी से छुटकारा मिल सकता है |

सुखी खांसी के लिय सिरप कौनसी है

सुखी खांसी को ठीक करने के लिय बाजार में बहुत सी दवाइया होती है लेकिन आप जो दालचीनी और तुलसी की पत्तियों का काढ़ा बनोगे उससे बेस्ट कोई दवा खांसी के उपचार जितना फायदेमंद नही है हमारी जानकरी के मुताबिक आप खांसी के उपचार में ऊपर बताए गए घरेलु इलाज के अनुसार ठीक कर सकते है |

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